सीएए हिंसा :उ.प्र. में पीएफआई के 108 मेंबर गिरफ्तार:-

सीएए हिंसा :उ.प्र. में पीएफआई के 108 मेंबर गिरफ्तार:- नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में उत्तर प्रदेश में 19 व 20 दिसंबर 2019 को हुए जगह-जगह हिंसा में पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई ) की संलिप्तता पाए जाने के बाद उत्तर प्रदेश पुलिस में विशेष अभियान चलाकर पिछले 4 दिनों में प्रदेश में कई जगहों से 108 लोगों को गिरफ्तार किया है, इसमें संगठन के कुछ पदाधिकारी व सदस्य शामिल हैं,

सीएए के विरोध में हुई हिंसा के बाद उत्तर प्रदेश पुलिस ने इस हिंसा के पीछे जुड़े लोगों के बारे में गहन जांच-पड़ताल की जिसके जिसके बाद इस हिंसा के पीछे पीएफआई से जुड़े सदस्यों का होने का प्रमाण मिला, अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश कुमार अवस्थी डीजीपी हितेश चंद्र अवस्थी एडीजी कानून व्यवस्था सीवी रमाशास्त्री ने सोमवार को बताया की हिंसा में शामिल साक्ष्यों की विवेचना के आधार पर प्रदेश के डीजीपी के नेतृत्व में पिछले 4 दिनों से विशेष अभियान चलाकर पीएफआई के 108 सदस्यों को गिरफ्तार किया गया है, पीएफआई द्वारा उत्तर प्रदेश के साथ अन्य राज्यों में देश विरोधी गतिविधियों को संचालित किया जा रहा है ,पीएफआई का विस्तार पूरे प्रदेश में है लेकिन इसका सबसे ज्यादा प्रभाव पश्चिमी यूपी के मेरठ ,मुजफ्फरनगर, शामली, गाजियाबाद बिजनौर के अलावा लखनऊ सीतापुर ,बाराबंकी, कानपुर ,गोंडा, बहराइच वाराणसी और आजमगढ़ में यह संगठन अधिक सक्रिय है ,

पीएफआई के सदस्यों ने यूपी में विभिन्न स्थानों पर अलग-अलग मुद्दों पर बड़े पैमाने पर अभियान चलाकर लोगों को भड़काने व संगठन से जुड़ने और देश विरोधी कार्यों को बढ़ावा देने का तेजी से काम किया, अधिकारियों ने बताया इस संगठन ने नागरिकता संशोधन कानून की आड़ में लोगों को इसके विरुद्ध हिंसा करवाई , उसी समय यूपी पुलिस ने संगठन से जुड़े 25 लोगों को गिरफ्तार किया, इस गिरफ्तारी में पीएफआई के प्रदेश अध्यक्ष वसीम अहमद ,प्रदेश कोषाध्यक्ष नदीम अहमद ,डिवीजन इंचार्ज बहराइच व बाराबंकी मौलाना असफाक सहित कई पदाधिकारी शामिल थे, अपर मुख्य सचिव गृह ने यह भी कहा कि यह पीएफआई द्वारा सीएए के विरुद्ध की गई हिंसा में फंडिंग की जानकारी के लिए गिरफ्तार किए गए लोगों के बैंक खाते की डिटेल ख़ंगाली जा रही है , जिसमें केंद्रीय एजेंसियों का भी सहयोग लिया जा रहा है ,देश में यूपी ऐसा पहला राज्य है जिसमें पीएफआई पर कड़ी कार्यवाही की गई है, |

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